shivam singh Rajput

Tuesday, 21 April 2020

खून पसीने से सिचे जमी को, देश के अंदाता किसान होते है।

                 "भगवान"

सुना है जान बचाने वाले इंसान होते है,
सुना है डॉक्टर के रूप में भगवान होते है।

पापो का होता है हिसाब अभी भी,
सच को सुनने वाले पुलिस के कान होते है।

कर्मो का लेखा जोखा रखता पास अपन,
इंसानियत की सफाई करना वार्डबॉय के काम होते है।

बहन बन कर हंसाती नेक दिशा फिर से दिखती,
इंसानियत की मरम्मत करना नर्स के काम होते है।

आंखे कभी खोलो तो पहचान लेना,
देश की शान में मिटने वाले वीर जवान होते है।

खून पसीने से सिचे जमी को,
देश के अंदाता किसान होते है।

भूखे की सेवा करे भोजन करा कर,
इन्सानियत को समझाने वाले ऐसे धनवान होते है।

झुका लेना सिर अपना"mrshivam01"देख इन्हें,
सफेद,खाकी में छिपे ये भगवान होते है।

            (( शिवम सिंह राजपूत ))

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